पंकज कुमार गौतम (मुख्य संपादक)
भीखमपुर। मितौली के मड़रिया गांव में रास्ते के विवाद को लेकर गुस्साया युवक टॉवर पर चढ़ गया। युवक ने रास्ते में इंटरलॉकिंग के हो रहे निर्माणकार्य को गलत बताते हुए 4 घंटे तक हाई वोल्टेज ड्रामा टावर पर चढ़कर किया। कॉफी देर बाद प्रशासन के पहुंचते ही उसके सामने पीड़ित की मांग स्वीकार करके उसे नीचे उतारा गया। वहीं सुलह समझौता के बीच ही अचानक प्रधान की तबीयत बिगड़ गई।जिसे डायल 100 से इलाज के लिए भेज दिया गया। वहीं पीड़ित के परिजनों से पुलिस नोक झोंक होने लगी।जिसे बाद में पुलिस टॉवर पर चढ़े युवक को थाने लेकर चली गई।
ग्राम पंचायत मड़रिया में प्रधान चौधीलाल के द्वारा रविंद्र यादव उर्फ छोटे के मकान से सोनपाल के मकान तक इंटरलॉकिंग का 60 मीटर कार्य कराया जा रहा है।
जिसमें सोमवार को रविंद्र यादव ने निर्माणकार्य को लेकर विरोध जताते हुए भीखमपुर पुलिस पिकेट पर प्रार्थना पत्र दिया था।जबकि प्रधान ने भी रास्ते को लेकर प्रार्थना पत्र दिया था। मंगलवार सुबह पुलिस के द्वारा उचित कार्यवाई न हों के कारण युवक पूर्व प्रधान रामपाल सिंह यादव के पूर्व खेत में लगे मोबाइल टावर पर साढ़े 11 बजे चढ़ गया।और जोर जोर से मांग पूरी न होने पर आत्महत्या करने की धमकी देता रहा। टावर पर चढ़े युवक को देखकर क्षेत्र के लोगों की भीड़ जुट गई।जिसकी सूचना मितौली पुलिस और प्रशासन को दी गई।आनन फानन में मितौली पुलिस और प्रशासन के नायब तहसीलदार अखिलेश मौर्य पहुंच गए।युवक की रास्ते की जायज मांग को सुनने के बाद मौके का निरीक्षण किया।उसके बाद पीड़ित रविंद्र की मांग स्वीकार करते हुए टावर से नीचे उतारा गया।पुलिस प्रशासन के सामने ही सुलह समझौता कराया जाने लगा।अचानक उसी समय ग्राम प्रधान चौधी लाल की तबीयत बिगड़ गई।प्रधान को इलाज के लिए पुलिस ने डायल 100 से मितौली भेज दिया। वहीं पीड़ित रविंद्र के परिजनों से नोकझोक के बाद पुलिस थाने लेकर चली गई।मौके पर हो रहा सुलह समझौता आधा अधूरा रह गया।

