मितौली कस्बा निवासी पूर्व अध्यापक राजेन्द्र प्रकाश मिश्र का जन्म 1945 में उत्तर प्रदेश के गांव कस्ता जनपद लखीमपुर खीरी में हुआ था। ये अपने चार भाईयों में सबसे बड़े थे । छोटे भाई महेंद्र प्रकाश मिश्र, ज्ञानेंद्र प्रकाश मिश्र, रविन्द्र कुमार मिश्र, इनसे छोटे भाई महेंद्र प्रकाश मिश्र जिन्होंने स्वच्छ राजनीति के कारण ग्राम सभा कस्ता में 15 वर्ष तक प्रधानी की जिनका निधन सन् 2007 में हुआ ।इनके पिता हरद्वारी लाल मिश्र नवीनगर स्टेट के जिलेदार तथा माता जी धर्मावती मिश्र सरकारी अध्यापिका थी । माता पिता से प्राप्त संस्कारों के कारण ये बचपन से ही धार्मिक थे। इन्होंने कानपुर यूनिवर्सिटी से स्नातक किया विद्या अध्ययन में तीव्र होने के कारण गुरूजनों के भी कृपापात्र थे । इन्हें 20 वर्ष की अवस्था में सन् 1965 में सरकारी अध्यापक की नौकरी प्राप्त हुई। शिक्षण कार्य हल्दी गुदरिया जनपद लखीमपुर खीरी से प्रारंभ किया, मितौली, कस्ता, खंजन नगर, कैमहारा बाछिल, नकारा, कल्लुआ मोती सहित कई विद्यालयों में कार्यरत रहते हुए अपने शिष्यों को उत्तम शिक्षा देकर उनके उज्जवल भविष्य का निर्माण किया । 42 वर्ष तक शिक्षा प्रदान करते हुए 2007 में सेवानिवृत्त हो गए । पूर्व अध्यापक मृदुभाषी सरल और संघर्ष शील व्यक्ति थे। लंबी बीमारी से ग्रस्त इनकी मृत्यु 15/9/2023 शुक्रवार को हो गई।इनकी शव यात्रा में हजारों की संख्या में जनता तथा अधिकारियों व जनप्रतिनिधियों ने पहुंचकर अपनी नम आंखों से विदाई दी। अध्यापक स्व.राजेन्द्र प्रसाद मिश्र के चार पुत्र दो पुत्रियां सहित छः संतानें हैं। जेष्ठ पुत्र उमेश मिश्रा जिन्हें ज्योतिष का अच्छा ज्ञान है । महेश मिश्रा, बृजेश मिश्रा जो पेशे से वकील हैं सबसे छोटे पुत्र अखिलेश मिश्रा, पत्रकार हैं जो कमजोर गरीबों, दलितों के उत्थान हेतु समाजसेवा कर रहे हैं।

