पंकज कुमार चीफ एडिटर
लखनऊ।उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक संजय कुमार ने कोहरे से होने वाली दुर्घटनाओं को ध्यान में रखते हुए रात्रिकालीन बस सेवाओं के संचालन पर रोक लगा दी है। अगले एक माह तक रात्रिकालीन बसों की ऑनलाइन बुकिंग नहीं होगी। रात में जो भी बसें रूट पर संचालित होने के लिए निकाली जाएं और अगर ज्यादा कोहरा हो जाए तो निकट के बस स्टेशन पर बसों को खड़ा किया जाए। एमडी ने साफ तौर पर कहा है कि कोहरे से होने वाली दुर्घटनाओं में अधिकारियों की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक संजय कुमार ने मंगलवार को प्रदेश के सभी क्षेत्रीय प्रबंधकों, सेवा प्रबंधकों और सहायक क्षेत्रीय प्रबंधकों को वीडियो कांफ्रेंसिंग से स्पष्ट निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि कोहरे के कारण होने वाली दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए रात में बसों का संचालन बिल्कुल न किया जाए।उन्होंने कहा कि इसे सुनिश्चित करते के लिए रात आठ से 12 बजे तक सभी अधिकारी बस स्टेशनों पर कैंप करें। यात्रियों को किसी तरह की असुविधा न होने पाए। उन्होंने कहा कि अगर संचालन के बीच कोहरा मिलता है तो बस को निकटतम बस स्टेशन या सुरक्षित स्थान पर बस को खड़ा किया जाए। कोहरे के कारण आगामी एक माह के लिए यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर रात्रि सेवाओं का ऑनलाइन आरक्षण स्थगित किया जाए। कोहरे के कारण दुर्घटना पर किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। जिम्मेदारों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
कोहरे में बंद रहेंगी बसेंः दयाशंकर
निर्देश दिए गए हैं कि रात को कोहरे में बसों का संचालन बंद किया जाए। क्षेत्रीय प्रबंधक इसका निर्णय लेंगे और जहां कोहरा है वहां बसों को तत्काल रोक दिया जाएगा। अक्सर रात आठ से सुबह आठ बजे तक कोहरा पड़ता है। इस समय में ही ज्यादा ध्यान रखना होगा। दुर्घटनाओं को रोकने के लिए यह निर्णय लिया गया है। यदि मौसम साफ है और कोहरा नहीं है तो बसों का संचालन बदस्तूर चलेगा। बसों को जहां भी होटल, थाना, पेट्रोल पंप आदि पर रोका जाएगा वहां क्षेत्रीय प्रबंधकों की जिम्मेदारी रहेगी कि यात्रियों और चालक परिचालकों की सुरक्षा एवं सुविधाओं का ध्यान रखा जाए। – *दयाशंकर सिंह, राज्यमंत्री परिवहन (स्वतंत्र प्रभार)*
23 दिसंबर से और बढ़ेगी ठंड,
लखनऊ।यूपी में ठंड ने धीरे-धीरे अपना रंग दिखाना शुरू कर दिया है। सोमवार की सुबह घने कोहरे के साथ हुई। सोमवार सुबह 5.30 से 10 बजे तक 50 मीटर दृश्यता रही। शाम चार बजे के बाद कोहरा छंटना शुरू हुआ। मौसम विभाग ने दो दिन और घने कोहरे की चेतावनी जारी की है।आंचलिक मौसम विज्ञान केन्द्र के निदेशक मो. दानिश के मुताबिक, धूप न निकलने से गलन का अहसास होता रहा। वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह का कहना है कि दस बजे के बाद दृश्यता बढ़नी शुरू हुई। शाम चार बजे तक यह 200 से 800 मीटर के बीच रही। हवाओं की धीमी रफ्तार और निचले स्तर पर एक सतह बन जाने से कोहरा छंट नहीं पाता है तो ऐसे हालात बनते हैं। आंचलिक मौसम विज्ञान केन्द्र से सेवानिवृत्त वरिष्ठ वैज्ञानिक एचआर रंजन के मुताबिक, 23-24 दिसंबर के आसपास बूंदाबांदी से ठंड बढ़ सकती है। हालांकि, बीते साल के मुकाबले अभी ठंड कम ही है।
पिछले वर्ष इन दिनों में अधिकतम पारा 20 से नीचे और न्यूनतम भी सात डिग्री से लुढ़क गया था। सोमवार को अधिकतम तापमान 23 और न्यूनतम पारा 9.5 डिग्री रहा। वर्ष 2021 में 20 और 21 दिसंबर को न्यूनतम पारा 5.5 और 5.3 डिग्री दर्ज था।
