मोहम्मदी खीरी| छुआछूत की बुराई ने एक मासूम की जान ले ली. एक दलित बच्चे के मटके से पानी पीने पर स्कूल संचालक ने उसकी जमकर पिटाई कर दी. इसके बाद उसे अस्पताल ले जाया गया जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई एक तरफ भारत अपनी स्वतंत्रता के 75 साल पूरे कर रहा है, लेकिन समाज को अभी भी छुआछूत से आजादी नहीं मिली है. बताते चलें राजस्थान के जालोर में जातिगत भेदभाव और छुआछूत की इसी बुराई ने 9 साल के एक मासूम दलित बच्चे की जान ले ली है.
मामला जालोर जिले के सायला उपखंड क्षेत्र के सुराणा गांव का है. यहां 9 साल के एक बच्चे ने जब स्कूल के मटके को पानी पीने के लिए छुआ, तो उसे स्कूल टीचर ने इतना पीटा कि उसकी कान की नस फट गई. इसके बाद बच्चे को इलाज के लिए उदयपुर रेफर किया और फिर उदयपुर से अहमदाबाद भेजा गया. शनिवार को अहमदाबाद में शाम चार बजे के आसपास उपचार के दौरान बच्चे की मौत हो गईं है नव वर्षीय मासूम दलित छात्र की हत्या कर दी थी दलित छात्र की हत्या के संबंध में आज लखीमपुर खीरी की मोहम्मदी विधानसभा ने राजस्थान के जालोर गांव सुराना मैं हुई छात्र की मौत को लेकर कड़ी निंदा की है व समस्त बहुजन समाज के लोगों ने उपजिलाधिकारी मोहम्मदी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन में कहा एक बच्चे को शिक्षक द्वारा इतनी बुरी तरह से मारा पीटा की मासूम की जान भी ले ली बच्चे ने इस लोकतंत्र उसने मटके में रखे पानी को छू लिया था इसीलिए उस शिक्षक ने बच्चे को बुरी तरह से पीटा और उपचार के दौरान उस छात्र की मौत हो गई समस्त बहुजन समाज के लोग ने इस मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए पीड़ित परिवार को ₹10000000 का मुआवजा व परिवार के सदस्य को नौकरी व मृतक के परिवार को सरकारी सुरक्षा मुहैया की जाए बस शिक्षक को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग की है ज्ञापन देने वाले में उदयवीर आजाद प्रताप सिंह अमर कुमार गौतम भानु गौतम शीलप्रिय गौतम सुशील कुमार कनौजिया संघपाल जौहर राजेंद्र भार्गव रजनीश कनौजिया संजीव कनौजिया प्रेमपाल कनौजिया प्रेम कनौजिया विक्रम कनौजिया सुरेश यादव सुखपाल कुशवाहा नरवीर दिनेश पाल शिवराम रमेश मोनिस अंसारी राजन बाल्मीकि प्रमोद राजवंशी रामनिवास भार्गव अजय कुशवाहा डीके भार्गव अभिमन्यु वाल्मीकि लाली देवी प्रियंका देवी किरण वाला राजा राम अनुज कुमार प्रेमचंद विजय सागर रामेश्वर अखिलेश जोहार विजय कुमार बालकृष्ण आदि सभी बहुजन समाज के कार्यकर्ता उपस्थित रहे एवं ग्रामीण क्षेत्र से आए सभी धम्मबंधु उपस्थित रहे
